चाणक्‍य नीति के अनुसार औरतों के ये 3 रहस्य जान लेंगे तो कभी नहीं खाएंगे धोखा

कहते हैं कि पति-पत्नी का रिश्‍ता अटूट होता है क्‍योंकि वो दोनों एक दुसरे के पूरक होते हैं कह सकते हैं कि एक के बिना दूसरा अधुरा होता है। हर सुख दुख में साथ चलना व साथ मिलकर समस्‍याओं से लड़ना ही पति पत्‍नी का कर्तव्‍य होता है। वहीं आपको बता दें कि इस रिश्‍ते में टकरार भी उतना ही होता है लेकिन उसके बावजूद ये रिश्‍ता सबसे पवित्र व अटूट माना जाता है।
आचार्य चाणक्य ने चाणक्य नीति नामक ग्रंथ की रचना की थी। भारत के इतिहास को बदलकर रखने में बहुत बड़ी भूमिका अदा की। अर्थशास्त्र और राजनीति के महान ज्ञाता रहे आचार्य चाणक्य के सिद्धांतों को आधुनिक युग में भी स्वीकार किया गया है। इस ग्रंथ में स्त्री और पुरुष के लिए कई उपयोगी नीतियां बताई गई हैं। ये नीतियां आज भी कई बातों का सटीक जवाब है।
1.  चाणक्य के अनुसार विवाह के लिए स्त्री के संस्कार, उसका स्वभाव, उसके लक्षण, उसके गुण-अवगुणों के बारे में जानना चाहिए। जी हां वहीं पुरूष जिस महिला को समझने लगता है उसके बाद वो खुद को भूलने लगता है। लेकिन वहीं उन्‍होने ये भी कहा है कि ऐसा सारी महिलाओं के साथ नहीं होता लेकिन ज्‍यादातर महिलाएं ऐसी होती है।

2.  आचार्य चाणक्य के अनुसार स्त्री के संस्कार पर खास महत्व दिया है। वे कहते हैं कि अच्छे संस्कारों वाली स्त्री घर को स्वर्ग बना देती है, वह पति और उसके पूरे परिवार का ख्याल रखती है लेकिन बुरे संस्कारों वाली स्त्री सब तहस-नहस कर देती है। लेकिन इसके जगह यदि ऐसी स्त्री को चुन लिया जाए, जो संस्कारी नहीं है और परिवार की अहमियत नहीं समझती तो ना केवल शादी बल्कि सभी रिश्ते-नाते टूट जाते हैं।

3.  चाणक्‍य के अनुसार महिलाओं को धन व जेवर का शौक होता है इसलिए वो अमीर लड़की को फंसाती है। लेकिन वहीं आपको बता दें कि आज की महिलाए अपनी जरूरते खुद पैसे कमाकर पूरा करती है। वहीं उन्‍होंने ये भी कहा है कि ऐसी स्‍त्री जो किसी अन्य व्यक्ति से विवाह न करना चाहती हो। क्योंकि ऐसी स्त्री को आप जोर जबरदस्ती करके अगर विवाह कर भी लेते हैं तो उसका मन अपने प्रेमी के पास ही रहेगा । ऐसी स्त्री से विवाह करने से पहले उसकी मर्जी जरूर जान लें।

Previous Post Next Post

.